“ये बस में नहीं है मेरे बात”
***राजीव तनेजा***
मैं तेरा साथ निभा सकूं,
ये बस में नहीं है मेरे बात ।
हमारे रास्ते हैं जुदा जुदा ,
ना मैं चल सकूंगा तेरे साथ।
फिर भी दिल की ये आरज़ू है कि ,
कभी तुम को अपना बना सकें।
काश ये तमन्ना हो पूरी,
तम्हें सदके दिल के अपना सकें।
तेरे सहारे कुछ गुज़ारें वक्त [...]
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